Sawan 2025: व्रत में क्या खाएं, क्या नहीं | पूजा विधि और शिव को प्रसन्न करने के अचूक उपाय!”
shivratri sawan 2025
📅 sawan 2025 की शुरुआत और सावन सोमवार तिथियां:
🕉️ सावन सोमवार व्रत की तिथियां:
पहला सोमवार – 14 जुलाई 2025
दूसरा सोमवार – 21 जुलाई 2025
तीसरा सोमवार – 28 जुलाई 2025
चौथा सोमवार – 4 अगस्त 2025
sawan start in 2025 (Sawan 2025) का महीना शिवभक्तों के लिए बहुत ही खास होता है, विशेष रूप से सावन सोमवार व्रत में। इस व्रत में भोलेनाथ की पूजा, उपवास और शुद्ध आहार का विशेष महत्व होता है। आइए जानते हैं कि इस व्रत में क्या खाएं, क्या न खाएं, पूजन विधि क्या है और कैसे भगवान शिव को प्रसन्न करें।
🍎 सावन सोमवार व्रत में क्या खाएं (फलाहार):
सावन सोमवार के व्रत में सात्विक और शुद्ध फलाहार करना चाहिए:
✅ व्रत में खाए जाने वाले फल, अनाज व खाद्य पदार्थ:
फल: केला, सेब, अंगूर, पपीता, अनार आदि
सूखे मेवे: बादाम, काजू, किशमिश, अखरोट
शकरकंद या सिंघाड़े का आटा (कुट्टू का आटा)
साबूदाना (खिचड़ी या वड़ा)
मूंगफली व मखाना
सेंधा नमक का उपयोग करें
दूध और दही, लस्सी, छाछ
गुड़ या शहद (चीनी से परहेज करें)
नींबू पानी या फल का रस
- सावन में दूध से बनी चीजें खाने से इसलिए बचना चाहिए क्योंकि इन दिनों जमीन में दबे ज्यादातर कीड़े ऊपर आ जाते हैं और घास या हरी चीजों में इंफेक्शन फैला देते हैं. घास गाय या भैंस उसी को खाते हैं, जिसका दूध हमारे घरों में आता है, जो कि सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है
❌ इन चीजों से परहेज करें:
गेहूं या चावल का सामान्य आटा
सामान्य नमक (सेंधा नमक के स्थान पर)
प्याज-लहसुन
मांस-मछली, अंडा
शराब, धूम्रपान
गहरे तले व्यंजन
🪔 सावन सोमवार व्रत की पूजा विधि (Puja Vidhi):
🌄 प्रातःकाल की विधि:
प्रातः स्नान करके साफ वस्त्र पहनें।
व्रत का संकल्प लें – “मैं आज शिवजी का सोमवार व्रत रख रहा/रही हूं।”
पूजा स्थान को स्वच्छ करें, वहां भगवान शिव, माता पार्वती, गणेशजी की मूर्ति या चित्र रखें।
🔱 पूजन सामग्री:
गंगाजल, बेलपत्र (त्रिदली), धतूरा, आक फूल, सफेद फूल, चंदन, अक्षत, भस्म (राख), फल, मिठाई, पंचामृत,
दीपक, अगरबत्ती, ऋतु फल
🙏 पूजन विधि:
शिवलिंग या शिव प्रतिमा पर जल व गंगाजल चढ़ाएं।
पंचामृत (दूध, दही, शहद, घी, शक्कर) से अभिषेक करें।
बेलपत्र, धतूरा, फूल चढ़ाएं।
दीप व अगरबत्ती जलाएं।
शिव चालीसा, रुद्राष्टक,
महामृत्युंजय मंत्र का पाठ करें।
🔔 महामृत्युंजय मंत्र:
ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगंधिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्॥
भगवान शिव को प्रसन्न करने के उपाय:
बेलपत्र पर “ॐ नमः शिवाय” लिखकर चढ़ाएं।
हर सोमवार व्रत रखें और शिवपुराण का पाठ करें।
“ॐ नमः शिवाय” का 108 बार जाप करें।
गाय को हरा चारा और गरीबों को भोजन दें।
शिवलिंग पर कच्चा दूध, शहद, गंगाजल व चंदन से अभिषेक करें।
रुद्राभिषेक कराएं या करें
भगवान शिव का रुद्राभिषेक (गंगाजल, दूध, दही, शहद, शक्कर, घी से) करना बहुत फलदायी होता है।
शिव चालीसा और रुद्राष्टक का पाठ करें
रोज़ शाम को दीपक जलाकर शिव चालीसा या रुद्राष्टक पढ़ना भगवान शिव को प्रसन्न करता है।
हर सोमवार व्रत रखें
सावन और सामान्य सोमवार को उपवास रखना बहुत शुभ होता है।फलाहार करें और भगवान शिव की पूजा करें।
बेलपत्र पर “ॐ नमः शिवाय” लिखकर चढ़ाएं
लाल या काले कलम से बेलपत्र पर मंत्र लिखकर शिवलिंग पर अर्पण करें।यह अत्यंत फलदायी माना जाता है।
शिव मंदिर में दीपक जलाएं
हर सोमवार या प्रदोष पर शिव मंदिर जाएं और घी का दीपक जलाएं।
mahashivratri 2025 में कब है?
Mahashivratri 2025 is on बुधवार, 26 फरवरी 2025
शुभ मुहूर्त (चार पहर पूजा)
प्रथम प्रहर: 26 फरवरी, शाम 6:19 – रात 9:26
द्वितीय प्रहर: 26 फरवरी, रात 9:26 – 27 फरवरी, 12:34 AM
तृतीय प्रहर: 27 फरवरी, 12:34 AM – 3:41 AM
चतुर्थ प्रहर: 27 फरवरी, 3:41 AM – 6:48 AM (लगभग समान
✨ महाशिवरात्रि का महत्व
यह पर्व भगवान शिव और माँ पार्वती की एकता, शिव का तांडव, और समुद्र मंथन में विष ग्रहण की स्मृति में मनाया जाता है ।
यह अंधकार (तम) पर प्रकाश (सत्य) की विजय का प्रतीक है ।
🙏 शाकाहारी व्रत और पूजा विधि
सुबह जल्दी स्नान करके व्रत आरंभ करें
दिन-रात शिवलिंग पर जल–दुग्ध अभिषेक, बेलपत्र, भांग–धतूरा, फलों का भोग अर्पित करें